AGPH Store Logo

Welcome

Sign InCreate Account
बाल्यावस्था और बाल विकास  | समग्र बाल विकास मार्गदर्शिका | AGPH Books

बाल्यावस्था और बाल विकास | समग्र बाल विकास मार्गदर्शिका | AGPH Books

by डॉ. गजानन एस. शर्मा

No reviews yet
565.00

Order now for delivery in 6 to 7 days

1

Premium Quality

Fast Shipping

Best Price

Description

पुस्तक बाल्यावस्था और बाल विकास मानव जीवन के सबसे महत्वपूर्ण और संवेदनशील चरण, बाल्यावस्था, का गहन, वैज्ञानिक और व्यावहारिक अध्ययन प्रस्तुत करती है। यह पुस्तक स्पष्ट करती है कि बच्चे का शारीरिक, मानसिक, सामाजिक और भावनात्मक विकास केवल जैविक प्रक्रिया नहीं है, बल्कि परिवार, समाज, संस्कृति और शिक्षा के संयुक्त प्रभाव का परिणाम होता है। बाल्यावस्था में होने वाले अनुभव व्यक्ति के पूरे जीवन की दिशा और व्यक्तित्व निर्माण की नींव रखते हैं—इस मूल विचार को पुस्तक सरल, स्पष्ट और तर्कसंगत ढंग से प्रस्तुत करती है।

इस पुस्तक में जन्म से किशोरावस्था तक के विभिन्न विकासात्मक चरणों का क्रमबद्ध विवरण दिया गया है। इसमें शैशवावस्था, प्रारंभिक बाल्यावस्था और उत्तर बाल्यावस्था के दौरान होने वाले शारीरिक परिवर्तन, मस्तिष्क विकास और संवेदी क्षमताओं की वृद्धि को वैज्ञानिक दृष्टि से समझाया गया है। पुस्तक यह भी बताती है कि सही पोषण, स्वास्थ्य देखभाल और सुरक्षित वातावरण बच्चे के संतुलित विकास के लिए कितने आवश्यक हैं।

बाल्यावस्था और बाल विकास का एक महत्वपूर्ण पक्ष संज्ञानात्मक और बौद्धिक विकास पर केंद्रित है। पुस्तक स्पष्ट करती है कि बच्चा कैसे सोचता है, सीखता है, याद रखता है और समस्याओं का समाधान करता है। भाषा विकास, कल्पनाशक्ति, जिज्ञासा और रचनात्मकता जैसे पहलुओं को व्यावहारिक उदाहरणों के माध्यम से समझाया गया है। साथ ही, यह भी बताया गया है कि शिक्षकों और अभिभावकों की भूमिका बच्चे की सीखने की प्रक्रिया को सकारात्मक या नकारात्मक दिशा दे सकती है।

इस पुस्तक में बाल विकास से जुड़ी व्यावहारिक समस्याओं और उनके समाधान पर भी ध्यान केंद्रित किया गया है। इसमें व्यवहार संबंधी समस्याएँ, सीखने में कठिनाइयाँ और व्यक्तिगत भिन्नताओं को समझने का प्रयास किया गया है। समग्र रूप से, बाल्यावस्था और बाल विकास एक उपयोगी, विचारोत्तेजक और ज्ञानवर्धक पुस्तक है, जो शिक्षकों, अभिभावकों, विद्यार्थियों और बाल विकास में रुचि रखने वाले सभी पाठकों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण सिद्ध होती है।

About The Publisher:

AGPH Books is a Professional Self Book Publishing House based in Central India, specializing in academic, professional, fiction, and non-fiction books in both print, digital and audio formats. The publishing house produces textbooks, research and reference works, biographies, self-help titles, children’s books, literary fiction, poetry, and general interest publications. With a transparent publishing process and strong digital distribution, AGPH Books ensures global availability through Google Books, Amazon, Flipkart, and its official website store, supporting authors and institutions in reaching a wide and diverse readership.

Product Details

No. Of Pages:216
Publication Date:2026-01-02
ISBN:9789389319781

Shipping Details

Weight: 0.40 kg
Length: 22.86 cm
Width: 15.24 cm
Height: 1.60 cm

About the Author

डॉ. गजानन एस. शर्मा
डॉ. गजानन एस. शर्मा

डॉ. गजानन श्री. शर्मा, एम.ए. (अर्थशास्त्र), एम.एड्., एम.फील. (अर्थशास्त्र, शिक्षाशास्त्र), पीएच. डी. (शिक्क्षा शास्त्र). नेट. (शिक्षाशास्त्र)., डी. एस. एम सहा. प्राध्यापक, मातोश्री सायरबाई चंपालालजी चोपडा बी.एड्. कॉलेज, खामागांव (महाराष्ट्र) अध्यापन अनुभव : १७ वर्ष प्रशासकीय अनुभव : १३ वर्ष संशोधन अनुभव : ०८ वर्ष आंतरराष्ट्रीय व राष्ट्रीय स्तर पर प्रकाशित २० संशोधन निबंध व लेख संत गाडगे बाबा अमरावती विद्यापीठ, अमरावती पीएच.डी (शिक्षणशास्त्र) मार्गदर्शक सदस्य, शिक्षाशास्त्र अभ्यास मंडल, संत गाडगे बाबा अमरावती विश्वविद्यालय, अमरावती सदस्य, आंतरविद्याशाखा संकाय, संत गाडगे बाबा अमरावती विश्वविद्यालय, अमरावती सदस्य, शिक्षा शास्त्र विषय तज्ञ समिती, संत गाडगे बाबा अमरावती विश्वविद्यालय, अमरावती भारतीय शिक्षण मंडळ, विदर्भ प्रांत सहमंत्री सदस्य, अखिल भारतीय शिक्षण मंच

Customer Reviews

(0)

No reviews yet for this product.

बाल्यावस्था और बाल विकास